युवाओं से वादाखिलाफी कर रही सुक्खू सरकार, पहली कैबिनेट की एक लाख पक्की नौकरियों की गारंटी का हिसाब दे कांग्रेस : संदीपनी भारद्वाज
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युवाओं से वादाखिलाफी कर रही सुक्खू सरकार, पहली कैबिनेट की एक लाख पक्की नौकरियों की गारंटी का हिसाब दे कांग्रेस : संदीपनी भारद्वाज
शिमला। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता संदीपनी भारद्वाज ने प्रदेश में रोजगार को लेकर सरकार के आंकड़ों पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस ने पहली कैबिनेट में एक लाख पक्की सरकारी नौकरियां देने का वादा किया था, लेकिन सत्ता में आने के बाद अब सरकार पांच साल में एक लाख नौकरियां देने की बात कर रही है।
भारद्वाज ने कहा कि कांग्रेस ने युवाओं को ऐसी पक्की सरकारी नौकरी देने का भरोसा दिलाया था, जिसमें 58 वर्ष की आयु तक रोजगार की सुरक्षा हो। उन्होंने सवाल उठाया कि पहली कैबिनेट में एक लाख पक्की नौकरियों की गारंटी आखिर कहां गई? क्या चुनाव के समय दी गई गारंटी केवल वोट हासिल करने का माध्यम थी?
भाजपा प्रवक्ता के अनुसार, सरकार की ओर से जारी आंकड़ों में दिसंबर 2025 तक 32,223 सरकारी नौकरियां दिए जाने और करीब 18 हजार पदों पर भर्ती प्रक्रिया चलने की बात कही गई है। सरकार ने दिसंबर 2026 तक यह संख्या 50 हजार तक पहुंचाने तथा अगले वर्ष 30 हजार से अधिक नौकरियां देने का लक्ष्य बताया है। भारद्वाज ने कहा कि सरकार के यही आंकड़े कांग्रेस की चुनावी गारंटी और मौजूदा स्थिति के बीच का अंतर साफ करते हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार के कार्यकाल में कुछ महत्वपूर्ण नियुक्तियों को लेकर भाई-भतीजावाद और करीबी लोगों को लाभ पहुंचाने के सवाल भी उठ रहे हैं। भारद्वाज ने कहा कि प्रदेश के लाखों बेरोजगार युवा नौकरी का इंतजार कर रहे हैं, जबकि सरकार के करीबी लोगों के बेटे-बेटियों को अवसर मिलने के आरोप लग रहे हैं।
उन्होंने मांग की कि सरकार नियमित सरकारी नौकरी, अस्थायी नियुक्ति, आउटसोर्स रोजगार और निजी क्षेत्र में पैदा हुए रोजगार के आंकड़े अलग-अलग सार्वजनिक करे। उन्होंने कहा कि केवल बड़े आंकड़े पेश करके पहली कैबिनेट में एक लाख पक्की नौकरियों की गारंटी से सरकार बच नहीं सकती।
भारद्वाज ने कहा कि कांग्रेस ने चुनाव के दौरान सरकारी क्षेत्र में पक्की नौकरियों का वादा किया था, जबकि अब निजी क्षेत्र में रोजगार बढ़ाने की बात की जा रही है। उन्होंने इसे युवाओं के साथ राजनीतिक छल बताया।
भाजपा प्रवक्ता ने सरकार से स्पष्ट रूप से बताने की मांग की कि पहली कैबिनेट की गारंटी के तहत कितनी पक्की नौकरियां स्वीकृत हुईं, कितने नियुक्ति पत्र जारी किए गए और कितनी नौकरियां 58 वर्ष तक की सेवा सुरक्षा वाली हैं।
उन्होंने कहा कि हिमाचल का युवा अब भाषण और नए लक्ष्य नहीं, बल्कि चुनावी वादों का हिसाब मांग रहा है। कांग्रेस को अपने प्रत्येक चुनावी वादे का जवाब जनता के सामने देना होगा।
न्यूज टुडे हिमाचल ब्यूरो, शिमला
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